Saturday, May 16, 2009

एक रहेंगे …

एक रहेंगे, एक रहेंगे,
एक रहेंगे एक सदा इस देश में चलने वाले हम,
विपदाओं से लड़ने वाले तूफ़ानों के पाले हम,
एक रहेंगे …

१) हिन्दू मुस्लिम सिख इसाई मिलकर जनगण गाते हैं
कौमी झंडा फहराते हैं देश के आन पे जान लुटा दें
ऐसे हैं मतवाले हम, एक रहेंगे …

२) कितनी सुन्दर कैसी मनहर भाषाओं की फुलवारी
रंग बिरंगे फूलों से है महक रही हर क्यारी-क्यारी
फुलवारी के माली हम हैं फूलों के रखवाले हम, एक रहेंगे …

No comments:

Post a Comment